وَلَمَّا جَآءَتْ رُسُلُنَا لُوطًا سِىٓءَ بِهِمْ وَضَاقَ بِهِمْ ذَرْعًا وَقَالَ هَٰذَا يَوْمٌ عَصِيبٌ
क़ुरआन शब्दावली · प्रारूप
عصب
मज़बूती से बाँधना
तत्वों को एक मजबूत बंधन में रखना जिससे सामूहिक बल या संकुचन उत्पन्न होता है दबाव।
शब्दार्थिक दायरा
दायरा: सावधानी से संकलित खंड-समूह · प्रयोग: 5
शब्द-मूल: عصب
लेम्मा: عصبة · عصيب
रूप: عُصْبَةٌ · عَصِيبٌ · عُصْبَةِ
प्रयोग के उदाहरणों की प्रदर्शित संख्या: 5; कुल संख्या: 5
क़ुरआन-क्रम में प्रदर्शित दायरा-बद्ध प्रयोगों की कुल संख्या: 5।
إِذْ قَالُوا۟ لَيُوسُفُ وَأَخُوهُ أَحَبُّ إِلَىٰٓ أَبِينَا مِنَّا وَنَحْنُ عُصْبَةٌ إِنَّ أَبَانَا لَفِى ضَلَٰلٍ مُّبِينٍ
قَالُوا۟ لَئِنْ أَكَلَهُ ٱلذِّئْبُ وَنَحْنُ عُصْبَةٌ إِنَّآ إِذًا لَّخَٰسِرُونَ
إِنَّ ٱلَّذِينَ جَآءُو بِٱلْإِفْكِ عُصْبَةٌ مِّنكُمْ لَا تَحْسَبُوهُ شَرًّا لَّكُم بَلْ هُوَ خَيْرٌ لَّكُمْ لِكُلِّ ٱمْرِئٍ مِّنْهُم مَّا ٱكْتَسَبَ مِنَ ٱلْإِثْمِ وَٱلَّذِى تَوَلَّىٰ كِبْرَهُۥ مِنْهُمْ لَهُۥ عَذَابٌ عَظِيمٌ
إِنَّ قَٰرُونَ كَانَ مِن قَوْمِ مُوسَىٰ فَبَغَىٰ عَلَيْهِمْ وَءَاتَيْنَٰهُ مِنَ ٱلْكُنُوزِ مَآ إِنَّ مَفَاتِحَهُۥ لَتَنُوٓأُ بِٱلْعُصْبَةِ أُو۟لِى ٱلْقُوَّةِ إِذْ قَالَ لَهُۥ قَوْمُهُۥ لَا تَفْرَحْ إِنَّ ٱللَّهَ لَا يُحِبُّ ٱلْفَرِحِينَ
यह अर्थ क्यों चुना गया
सभी पांच घटनाओं का एक साथ निरीक्षण किया गया। चार संज्ञाएं कॉम्पैक्ट मानव समूहों की पहचान करती हैं जिनके सदस्य एक साथ कार्य करते हैं या बल सहन करते हैं। विशेषण एक दिन को तुरंत संकट और संकुचित क्षमता द्वारा तैयार किया जाता है, रचनात्मक रूप सेदबानाको संकुचित करने के समान जकड़न दबाव।