क़ुरआन शब्दावली · प्रारूप

قَبْر، أَقْبَرَ، مَقَابِر

मृत-व्यक्ति बुरिअल् स्थान

एक निर्दिष्ट स्थान पर एक मृत व्यक्ति का आगमन होता है और उसे तब तक रखा जाता है जब तक कि उसका अधिभोग समाप्त या उजागर न हो जाए।

शब्दार्थिक दायरा

दायरा: अर्थगत इकाई · प्रयोग: 8

शब्द-मूल: قبر

लेम्मा: قبر · أقبر · مقابر

रूप: قُبُورِ · قَبْرِ · أَقْبَرَ · قُبُورُ · مَقَابِرَ

प्रयोग के उदाहरणों की प्रदर्शित संख्या: 8; कुल संख्या: 8

क़ुरआन-क्रम में प्रदर्शित दायरा-बद्ध प्रयोगों की कुल संख्या: 8।

9:84

وَلَا تُصَلِّ عَلَىٰٓ أَحَدٍ مِّنْهُم مَّاتَ أَبَدًا وَلَا تَقُمْ عَلَىٰ قَبْرِهِۦٓ إِنَّهُمْ كَفَرُوا۟ بِٱللَّهِ وَرَسُولِهِۦ وَمَاتُوا۟ وَهُمْ فَٰسِقُونَ

22:7

وَأَنَّ ٱلسَّاعَةَ ءَاتِيَةٌ لَّا رَيْبَ فِيهَا وَأَنَّ ٱللَّهَ يَبْعَثُ مَن فِى ٱلْقُبُورِ

35:22

وَمَا يَسْتَوِى ٱلْأَحْيَآءُ وَلَا ٱلْأَمْوَٰتُ إِنَّ ٱللَّهَ يُسْمِعُ مَن يَشَآءُ وَمَآ أَنتَ بِمُسْمِعٍ مَّن فِى ٱلْقُبُورِ

60:13

يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ لَا تَتَوَلَّوْا۟ قَوْمًا غَضِبَ ٱللَّهُ عَلَيْهِمْ قَدْ يَئِسُوا۟ مِنَ ٱلْـَٔاخِرَةِ كَمَا يَئِسَ ٱلْكُفَّارُ مِنْ أَصْحَٰبِ ٱلْقُبُورِ

80:21

ثُمَّ أَمَاتَهُۥ فَأَقْبَرَهُۥ

82:4

وَإِذَا ٱلْقُبُورُ بُعْثِرَتْ

100:9

أَفَلَا يَعْلَمُ إِذَا بُعْثِرَ مَا فِى ٱلْقُبُورِ

102:2

حَتَّىٰ زُرْتُمُ ٱلْمَقَابِرَ

जहाँ दूसरे अर्थ विफल होते हैं

कब्र की यादगार

9:84

وَلَا تُصَلِّ عَلَىٰٓ أَحَدٍ مِّنْهُم مَّاتَ أَبَدًا وَلَا تَقُمْ عَلَىٰ قَبْرِهِۦٓ إِنَّهُمْ كَفَرُوا۟ بِٱللَّهِ وَرَسُولِهِۦ وَمَاتُوا۟ وَهُمْ فَٰسِقُونَ

वैकल्पिक: करना नहीं खड़ा होना ऊपर उसका तोम्ब् मोनुमेन्त्

शोधपरक अर्थ-प्रस्तुति: करना नहीं खड़ा होना ऊपर उसका ग्रवे

मृतक का कब्ज़ा दफन स्थान की पहचान करता है, जबकि कोई निर्मित स्मारक या वास्तुकला नहीं बताई गई है।

क़ीामत

22:7

وَأَنَّ ٱلسَّاعَةَ ءَاتِيَةٌ لَّا رَيْبَ فِيهَا وَأَنَّ ٱللَّهَ يَبْعَثُ مَن فِى ٱلْقُبُورِ

वैकल्पिक: ईश्वर रइसेस् जो कोई है में रेसुर्रेक्तिओन्स्

शोधपरक अर्थ-प्रस्तुति: ईश्वर रइसेस् जो कोई है में ग्रवेस्

स्थानीय कंटेनर में मृतकों को रखा जाता है जिन्हें भगवान पुनर्जीवित करते हैं;पुनरुत्थान एक अलग शासकीय घटना है।

मृत्यु

80:21

ثُمَّ أَمَاتَهُۥ فَأَقْبَرَهُۥ

वैकल्पिक: फिर उसने उसे मरवा दिया और उसे मरवा दिया

शोधपरक अर्थ-प्रस्तुति: फिर उसने उसे मरवा दिया और कब्र में डाल दिया

यह कविता अलग-अलग क्रियाओं के रूप में पहले मृत्यु और दूसरे स्थान पर दफनाने का समन्वय करती है।

दूरह

102:2

حَتَّىٰ زُرْتُمُ ٱلْمَقَابِرَ

वैकल्पिक: जब तक तुम विसितेद् विसित्स्

शोधपरक अर्थ-प्रस्तुति: जब तक तुम विसितेद् बुरिअल् ग्रोउन्द्स्

मुलाक़ात शासी क्रिया है और व्युत्पन्न स्थान संज्ञा इसके दफन-भूमि गंतव्य की आपूर्ति करती है।