क़ुरआन शब्दावली · प्रारूप

كَانُوا يَفْسُقُون

ख़लाफ़ वरज़ी में

कर्तृवाचक तृतीय-पुरुष पुल्लिंग बहुवचन िनदिकअतिवे अपूर्ण रूप में فسق िममेदिअतेलय मनदरजह ज़ील كانوا: में उल्लंघन, कोमपोसिङ के साथ كانوا के रूप में थे में उल्लंघन.

शब्दार्थिक दायरा

दायरा: सावधानी से संकलित खंड-समूह · प्रयोग: 5

शब्द-मूल: فسق

लेम्मा: فسق

रूप: يَفْسُقُ

प्रयोग के उदाहरणों की प्रदर्शित संख्या: 5; कुल संख्या: 5

क़ुरआन-क्रम में प्रदर्शित दायरा-बद्ध प्रयोगों की कुल संख्या: 5।

2:59

فَبَدَّلَ ٱلَّذِينَ ظَلَمُوا۟ قَوْلًا غَيْرَ ٱلَّذِى قِيلَ لَهُمْ فَأَنزَلْنَا عَلَى ٱلَّذِينَ ظَلَمُوا۟ رِجْزًا مِّنَ ٱلسَّمَآءِ بِمَا كَانُوا۟ يَفْسُقُونَ

6:49

وَٱلَّذِينَ كَذَّبُوا۟ بِـَٔايَٰتِنَا يَمَسُّهُمُ ٱلْعَذَابُ بِمَا كَانُوا۟ يَفْسُقُونَ

7:163

وَسْـَٔلْهُمْ عَنِ ٱلْقَرْيَةِ ٱلَّتِى كَانَتْ حَاضِرَةَ ٱلْبَحْرِ إِذْ يَعْدُونَ فِى ٱلسَّبْتِ إِذْ تَأْتِيهِمْ حِيتَانُهُمْ يَوْمَ سَبْتِهِمْ شُرَّعًا وَيَوْمَ لَا يَسْبِتُونَ لَا تَأْتِيهِمْ كَذَٰلِكَ نَبْلُوهُم بِمَا كَانُوا۟ يَفْسُقُونَ

7:165

فَلَمَّا نَسُوا۟ مَا ذُكِّرُوا۟ بِهِۦٓ أَنجَيْنَا ٱلَّذِينَ يَنْهَوْنَ عَنِ ٱلسُّوٓءِ وَأَخَذْنَا ٱلَّذِينَ ظَلَمُوا۟ بِعَذَابٍۭ بَـِٔيسٍۭ بِمَا كَانُوا۟ يَفْسُقُونَ

29:34

إِنَّا مُنزِلُونَ عَلَىٰٓ أَهْلِ هَٰذِهِ ٱلْقَرْيَةِ رِجْزًا مِّنَ ٱلسَّمَآءِ بِمَا كَانُوا۟ يَفْسُقُونَ

जहाँ दूसरे अर्थ विफल होते हैं

उल्लंघन

6:145

قُل لَّآ أَجِدُ فِى مَآ أُوحِىَ إِلَىَّ مُحَرَّمًا عَلَىٰ طَاعِمٍ يَطْعَمُهُۥٓ إِلَّآ أَن يَكُونَ مَيْتَةً أَوْ دَمًا مَّسْفُوحًا أَوْ لَحْمَ خِنزِيرٍ فَإِنَّهُۥ رِجْسٌ أَوْ فِسْقًا أُهِلَّ لِغَيْرِ ٱللَّهِ بِهِۦ فَمَنِ ٱضْطُرَّ غَيْرَ بَاغٍ وَلَا عَادٍ فَإِنَّ رَبَّكَ غَفُورٌ رَّحِيمٌ

वैकल्पिक: या अवज्ञा जिस पर ईश्वर के अलावा किसी अन्य का आह्वान किया गया हो।

शोधपरक अर्थ-प्रस्तुति: या ऐसा उल्लंघन जिस पर ईश्वर के अलावा किसी अन्य का आह्वान किया गया हो।

संज्ञा भोजन के निषिद्ध समर्पण को वर्गीकृत करती है। अवज्ञा उस स्थिति को एक दृष्टिकोण में बदल देती है, जबकि उल्लंघन वर्गीकृत चीज़ में एक मकसद जोड़े बिना उल्लंघन की गई सीमा का नाम देता है।

उल्लंघन

49:6

يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوٓا۟ إِن جَآءَكُمْ فَاسِقٌۢ بِنَبَإٍ فَتَبَيَّنُوٓا۟ أَن تُصِيبُوا۟ قَوْمًۢا بِجَهَٰلَةٍ فَتُصْبِحُوا۟ عَلَىٰ مَا فَعَلْتُمْ نَٰدِمِينَ

वैकल्पिक: यदि कोई उद्दंड व्यक्ति आपके पास खबर लेकर आता है तो उसकी पुष्टि करें।

शोधपरक अर्थ-प्रस्तुति: यदि उल्लंघन करने वाला कोई व्यक्ति आपके पास समाचार लेकर आता है, तो उसे सत्यापित करें।

निर्देश संदेशवाहक की स्थिति और रिपोर्ट को सत्यापित करने की आवश्यकता से संबंधित है। उद्दंड एक टकराव की मुद्रा मानता है जो खंड नहीं बताता है; उल्लंघन में समझौता सीमा संबंध को संरक्षित करता है।

उल्लंघन

49:11

يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ لَا يَسْخَرْ قَوْمٌ مِّن قَوْمٍ عَسَىٰٓ أَن يَكُونُوا۟ خَيْرًا مِّنْهُمْ وَلَا نِسَآءٌ مِّن نِّسَآءٍ عَسَىٰٓ أَن يَكُنَّ خَيْرًا مِّنْهُنَّ وَلَا تَلْمِزُوٓا۟ أَنفُسَكُمْ وَلَا تَنَابَزُوا۟ بِٱلْأَلْقَٰبِ بِئْسَ ٱلِٱسْمُ ٱلْفُسُوقُ بَعْدَ ٱلْإِيمَٰنِ وَمَن لَّمْ يَتُبْ فَأُو۟لَٰٓئِكَ هُمُ ٱلظَّٰلِمُونَ

वैकल्पिक: मनहूस विश्वास के बाद अवज्ञा का नाम है।

शोधपरक अर्थ-प्रस्तुति: व्रेत्चेद् है नाम का उल्लंघन बाद विश्वास.

पूर्ववर्ती उपहास, दोषपूर्ण और अपमानजनक नाम निषिद्ध कार्य हैं। अवज्ञा उन कृत्यों को एक आंतरिक रुख के रूप में फिर से तैयार करती है, जबकि उल्लंघन उल्लंघन के स्तर पर विश्वास के विपरीत रखता है।