وَلَقَدْ ءَاتَيْنَا لُقْمَٰنَ ٱلْحِكْمَةَ أَنِ ٱشْكُرْ لِلَّهِ وَمَن يَشْكُرْ فَإِنَّمَا يَشْكُرُ لِنَفْسِهِۦ وَمَن كَفَرَ فَإِنَّ ٱللَّهَ غَنِىٌّ حَمِيدٌ
क़ुरआन शब्दावली · प्रारूप
لقمان
लक़मान
लुकमान, बुद्धिमान पिता जिनकी कृतज्ञता और सलाह का वर्णन किया गया है।
शब्दार्थिक दायरा
दायरा: सावधानी से संकलित खंड-समूह · प्रयोग: 2
लेम्मा: لقمان
रूप: لُقْمَٰنَ · لُقْمَٰنُ
प्रयोग के उदाहरणों की प्रदर्शित संख्या: 2; कुल संख्या: 2
क़ुरआन-क्रम में प्रदर्शित दायरा-बद्ध प्रयोगों की कुल संख्या: 2।
وَإِذْ قَالَ لُقْمَٰنُ لِٱبْنِهِۦ وَهُوَ يَعِظُهُۥ يَٰبُنَىَّ لَا تُشْرِكْ بِٱللَّهِ إِنَّ ٱلشِّرْكَ لَظُلْمٌ عَظِيمٌ
यह अर्थ क्यों चुना गया
दो आसन्न घटनाएं एक कुरान-आंतरिक पहचान श्रृंखला बनाती हैं : लुकमान को 31:12में ज्ञान और कृतज्ञता का निर्देश मिलता है , फिर 31:13में अपने बेटे को परामर्श देने वाले पिता के रूप में नामित किया जाता है . जनन और नाममात्र के मामले के एनोटेशन उचित नाम को नहीं बदलते हैं।