وَأَنزَلْنَآ إِلَيْكَ ٱلْكِتَٰبَ بِٱلْحَقِّ مُصَدِّقًا لِّمَا بَيْنَ يَدَيْهِ مِنَ ٱلْكِتَٰبِ وَمُهَيْمِنًا عَلَيْهِ فَٱحْكُم بَيْنَهُم بِمَآ أَنزَلَ ٱللَّهُ وَلَا تَتَّبِعْ أَهْوَآءَهُمْ عَمَّا جَآءَكَ مِنَ ٱلْحَقِّ لِكُلٍّ جَعَلْنَا مِنكُمْ شِرْعَةً وَمِنْهَاجًا وَلَوْ شَآءَ ٱللَّهُ لَجَعَلَكُمْ أُمَّةً وَٰحِدَةً وَلَٰكِن لِّيَبْلُوَكُمْ فِى مَآ ءَاتَىٰكُمْ فَٱسْتَبِقُوا۟ ٱلْخَيْرَٰتِ إِلَى ٱللَّهِ مَرْجِعُكُمْ جَمِيعًا فَيُنَبِّئُكُم بِمَا كُنتُمْ فِيهِ تَخْتَلِفُونَ
क़ुरआन शब्दावली · प्रारूप
مُهَيْمِن
पर्यवेक्षक
वह कृदंत दर्शाता है एक एक्सेर्किसिङ वात्च्फुल प्राधिकार ऊपर एक दोमाइन.
शब्दार्थिक दायरा
दायरा: सावधानी से संकलित खंड-समूह · प्रयोग: 2
शब्द-मूल: همن
लेम्मा: مهيمن
रूप: مُهَيْمِنًا · مُهَيْمِنُ
प्रयोग के उदाहरणों की प्रदर्शित संख्या: 2; कुल संख्या: 2
क़ुरआन-क्रम में प्रदर्शित दायरा-बद्ध प्रयोगों की कुल संख्या: 2।
هُوَ ٱللَّهُ ٱلَّذِى لَآ إِلَٰهَ إِلَّا هُوَ ٱلْمَلِكُ ٱلْقُدُّوسُ ٱلسَّلَٰمُ ٱلْمُؤْمِنُ ٱلْمُهَيْمِنُ ٱلْعَزِيزُ ٱلْجَبَّارُ ٱلْمُتَكَبِّرُ سُبْحَٰنَ ٱللَّهِ عَمَّا يُشْرِكُونَ
यह अर्थ क्यों चुना गया
दोनों पारिवारिक घटनाओं की समीक्षा एक सीमित पृष्ठ पर की गई; दोनों ही जमे हुए लक्ष्य हैं, जिनका कोई संरक्षित रिकॉर्ड या संकुचित उम्मीदवार नहीं है। 5:48 में पुस्तक अपने पहले के धर्मग्रंथ पर एक مُهَيْمِن है, जबकि 59:23 में निश्चित कृदंत दैवीय शीर्षकों के बीच होता है। पूर्वसर्गीय पूरक, अनिश्चितता बनाम निश्चितता, मामला और शीर्षक वाक्यविन्यास स्थानीय रूप से रचना करते हैं। कुरान-आंतरिक डेटा को शाब्दिक टकराव की आवश्यकता नहीं है, और कोई संरेखित रीडिंग पेलोड या अनसुलझा मुद्दा मौजूद नहीं है।