ٱللَّهُ نَزَّلَ أَحْسَنَ ٱلْحَدِيثِ كِتَٰبًا مُّتَشَٰبِهًا مَّثَانِىَ تَقْشَعِرُّ مِنْهُ جُلُودُ ٱلَّذِينَ يَخْشَوْنَ رَبَّهُمْ ثُمَّ تَلِينُ جُلُودُهُمْ وَقُلُوبُهُمْ إِلَىٰ ذِكْرِ ٱللَّهِ ذَٰلِكَ هُدَى ٱللَّهِ يَهْدِى بِهِۦ مَن يَشَآءُ وَمَن يُضْلِلِ ٱللَّهُ فَمَا لَهُۥ مِنْ هَادٍ
क़ुरआन शब्दावली · प्रारूप
تَقْشَعِرُّ
कानपना
क्रिया उन लोगों की खाल को दर्शाती है जो कुरान के प्रवचन से कांपते हुए अपने भगवान से डरते हैं।
शब्दार्थिक दायरा
दायरा: सावधानी से संकलित खंड-समूह · प्रयोग: 1
शब्द-मूल: قشعر
लेम्मा: تقشعر
रूप: تَقْشَعِرُّ
प्रयोग के उदाहरणों की प्रदर्शित संख्या: 1; कुल संख्या: 1
क़ुरआन-क्रम में प्रदर्शित दायरा-बद्ध प्रयोगों की कुल संख्या: 1।
यह अर्थ क्यों चुना गया
एकमात्र पारिवारिक घटना की समीक्षा एक सीमित पृष्ठ पर की गई थी; यह एकमात्र स्थिर लक्ष्य है, जिसका कोई संरक्षित रिकॉर्ड या संकलित उम्मीदवार नहीं है। कुरान 39:23 कहता है कि जो लोग अपने भगवान से डरते हैं उनकी त्वचा भगवान के सर्वोत्तम प्रवचन से कांपती है, फिर उनकी त्वचा और दिल भगवान की याद के प्रति नरम हो जाते हैं। स्रोत-एनोटेटेड VF:4 सक्रिय अपूर्ण, सांकेतिक मनोदशा, गैर-मानवीय बहुवचन جُلُودُ के साथ स्त्री एकवचन समझौता, और مِنْهُ स्थानीय स्तर पर पूरक रचना का कारण बनता है। कोई संरेखित रीडिंग पेलोड, प्रतिउदाहरण या अनसुलझा मुद्दा मौजूद नहीं है।