يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ لَا تَتَّخِذُوا۟ بِطَانَةً مِّن دُونِكُمْ لَا يَأْلُونَكُمْ خَبَالًا وَدُّوا۟ مَا عَنِتُّمْ قَدْ بَدَتِ ٱلْبَغْضَآءُ مِنْ أَفْوَٰهِهِمْ وَمَا تُخْفِى صُدُورُهُمْ أَكْبَرُ قَدْ بَيَّنَّا لَكُمُ ٱلْـَٔايَٰتِ إِن كُنتُمْ تَعْقِلُونَ
क़ुरआन शब्दावली · प्रारूप
عَنِتَ
मशकलात का मुठभेड़ करना
करना उन्देर्गो बोझसोमे कठिनाई.
शब्दार्थिक दायरा
दायरा: सावधानी से संकलित खंड-समूह · प्रयोग: 3
शब्द-मूल: عنت
लेम्मा: عن
रूप: عَنِ
प्रयोग के उदाहरणों की प्रदर्शित संख्या: 3; कुल संख्या: 3
क़ुरआन-क्रम में प्रदर्शित दायरा-बद्ध प्रयोगों की कुल संख्या: 3।
لَقَدْ جَآءَكُمْ رَسُولٌ مِّنْ أَنفُسِكُمْ عَزِيزٌ عَلَيْهِ مَا عَنِتُّمْ حَرِيصٌ عَلَيْكُم بِٱلْمُؤْمِنِينَ رَءُوفٌ رَّحِيمٌ
وَٱعْلَمُوٓا۟ أَنَّ فِيكُمْ رَسُولَ ٱللَّهِ لَوْ يُطِيعُكُمْ فِى كَثِيرٍ مِّنَ ٱلْأَمْرِ لَعَنِتُّمْ وَلَٰكِنَّ ٱللَّهَ حَبَّبَ إِلَيْكُمُ ٱلْإِيمَٰنَ وَزَيَّنَهُۥ فِى قُلُوبِكُمْ وَكَرَّهَ إِلَيْكُمُ ٱلْكُفْرَ وَٱلْفُسُوقَ وَٱلْعِصْيَانَ أُو۟لَٰٓئِكَ هُمُ ٱلرَّٰشِدُونَ
यह अर्थ क्यों चुना गया
क़ुरआन-आंतरिक समीक्षा ने सभी पांच घटनाओं को कवर किया। तीन फॉर्म I प्रिडिकेट में संबोधित समूह द्वारा सामना की गई कठिनाइयों का वर्णन किया गया है, फॉर्म IV में अल्लाह को उस कठिनाइयों का संभावित कारण बनाया गया है, और एकमात्र संज्ञा विवाह निर्णय में एक भयभीत स्थिति का नाम 4:25 पर रखा गया है। इसलिए, मॉर्फोलॉजी एक कठिनाई कोर को उपभोग करने वाले, कारणवादी और नाममात्र के साथ समर्थन करती है। संरेखित-पढ़ने वाले क्षेत्र में कोई भिन्नता नहीं है जिसके लिए एक अलग नियम की आवश्यकता होती है। 4:25 पर नाम की सटीक संदर्भ सीमा उपयोगकर्ता समीक्षा के लिए खुली रहती है; कोई संरक्षित अर्थ संपादित नहीं किया गया था और कोई सटीक शब्दावली टकराव नहीं मिला था।